Azamgarh | रिपोर्ट
देश विरोधी साजिश के एक बड़े मामले में एक बार फिर आजमगढ़ का नाम सामने आने से इलाके में हलचल मच गई है। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने देश के अलग-अलग हिस्सों से चार संदिग्धों को गिरफ्तार किया है, जिन पर आतंकी गतिविधियों में शामिल होने का आरोप है।
गिरफ्तार आरोपियों में आजमगढ़ निवासी मोसैब अहमद उर्फ सोनू के अलावा मोहम्मद हमाद, शेख इमरान और मोहम्मद सोहेल शामिल हैं। ये सभी बिहार, भुवनेश्वर और मुंबई जैसे स्थानों से पकड़े गए हैं। हालांकि इस पूरे मामले पर आजमगढ़ पुलिस फिलहाल कैमरे के सामने कुछ भी बोलने से बच रही है।
📍 गांव से वर्षों पहले टूट चुका था संपर्क
जांच में सामने आया है कि मोसैब अहमद मूल रूप से महराजगंज थाना क्षेत्र के सिकंदरपुर आईमा सरदहा गांव का निवासी है। स्थानीय लोगों के अनुसार, उसका परिवार करीब 15–20 साल पहले ही गांव छोड़ चुका था और तब से वहां उनका कोई संपर्क नहीं रहा।बताया जा रहा है कि मोसैब के पिता सऊदी अरब में रहते हैं, जबकि उसकी मां जैतुन्निशा वर्तमान में बिलरियागंज थाना क्षेत्र के नसीरपुर दक्षिण में किराए के मकान में रह रही हैं।
🗣️ मां का बयान: डेढ़ साल पहले आया था बेटा
मोसैब की मां जैतुन्निशा ने बताया कि उनका बेटा करीब डेढ़ साल पहले घर आया था, जिसके बाद से वह बाहर ही रह रहा है। उन्होंने आतंकी गतिविधियों के आरोपों पर अनभिज्ञता जताई और कहा कि उन्हें इस बारे में कोई जानकारी नहीं है।
🏠 ग्राम प्रधान ने भी जताई अनभिज्ञता
नसीरपुर के ग्राम प्रधान अब्बु तालिब ने बताया कि मोसैब का परिवार पिछले 10–15 वर्षों से यहां रह रहा है, लेकिन उनकी गतिविधियों को लेकर कोई विशेष जानकारी नहीं रही। उन्होंने कहा कि बचपन में मोसैब से मुलाकात हुई थी, लेकिन उसके खिलाफ इस तरह के आरोपों की उम्मीद नहीं थी।
⚠️ जांच जारी, पुलिस सतर्क
इस मामले के सामने आने के बाद सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं और सभी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है। स्थानीय पुलिस भी अलर्ट मोड में है, हालांकि आधिकारिक तौर पर कोई बयान अभी तक जारी नहीं किया गया है।




